सीवरेज कार्य बना खतरा! टूटी पाइप पर वेल्डिंग से मरम्मत, लोगों की सेहत दांव पर भ्रष्टाचार चरम पर
धामनोद//धार जिले के धामनोद नगर में विकास कार्य अब लोगों के लिए चिंता का कारण बनता जा रहा है। डेवर मार्ग पर चल रहे सीवरेज और ड्रेनेज लाइन के काम में बड़ी लापरवाही सामने आई है, जहां टूटी हुई पाइपलाइन को अस्थायी रूप से वेल्डिंग कर जोड़ दिया गया है।
जानकारी के अनुसार, डेवर मार्ग पर सीवरेज एवं ड्रेनेज लाइन की खुदाई के दौरान ठेकेदार की जेसीबी मशीन की बकेट सीवरेज पाइपलाइन से टकरा गई, जिससे लोहे की पाइपलाइन क्षतिग्रस्त हो गई।
लेकिन हैरानी की बात यह है कि इस गंभीर नुकसान की मरम्मत सही तरीके से नई पाइप डालकर करने के बजाय, मौके पर ही वेल्डिंग रॉड के जरिए पाइप को जोड़ दिया गया। पाइप में बने बड़े छेदों को वेल्डिंग कर बंद किया जा रहा है, जिसे स्थानीय लोग बेहद खतरनाक और अस्थायी समाधान बता रहे हैं।
स्थानीय निवासियों का कहना है कि इस तरह की मरम्मत भविष्य में बड़ी समस्या बन सकती है। आशंका जताई जा रही है कि सीवरेज का गंदा पानी ड्रेनेज लाइन में मिल सकता है और आगे चलकर यह दूषित पानी घरों तक पहुंच सकता है। इससे गंभीर बीमारियों के फैलने का खतरा भी बढ़ जाएगा।
लोगों ने मांग की है कि पाइपलाइन को पूरी तरह बदलकर नई पाइप डाली जाए, ताकि स्थायी समाधान हो सके।
सबसे चिंताजनक बात यह है कि इतनी बड़ी लापरवाही के बावजूद जिम्मेदार अधिकारी इस ओर ध्यान नहीं दे रहे हैं।
स्थानीय लोगों ने इंदौर के भागीरथपुरा का उदाहरण देते हुए चेतावनी दी है कि वहां भी इसी तरह सीवरेज और ड्रेनेज के घालमेल से बड़ा हादसा हुआ था, जिसमें कई लोगों की जान चली गई थी।
ऐसे में धामनोद में भी वैसी ही स्थिति बनने का खतरा मंडरा रहा है। यदि समय रहते प्रशासन ने संज्ञान नहीं लिया, तो यह लापरवाही किसी बड़े हादसे का कारण बन सकती है।


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